पर अत्याचार की गर्दन पर पैर रखना और उसे अधिकार की पहचान तक लाना, यही मनुष्य का सबसे पवित्र कर्तव्य है!
पर अत्याचार की गर्दन पर पैर रखना और उसे अधिकार की पहचान तक लाना, यही मनुष्य का सबसे पवित्र कर्तव्य है!
इसी लेखक के और इनसे जुड़े विषयों पर।
हर कोई केवल एक बार मरने के लिए जन्म लेता है; सम्मान और कलंक सदा जीवित रहते हैं!
जिसका क़ानून उसकी गदा में है, उसके पदचिह्नों से अमानुषता की गंध आती है।
वीरता हर बुराई पर सम्राट है, और आत्मा का सबसे मीठा पेय है, जिससे पूरी पीढ़ियाँ मतवाली होती हैं।