संग्रह
दुनिया बदलने वालों के शब्द: विचारक, वैज्ञानिक, लेखक और राजनेता।
432 उद्धरण
अपने ही विरुद्ध बँटा हुआ घर खड़ा नहीं रह सकता।
जनता की, जनता द्वारा, जनता के लिए सरकार।
कहीं भी अन्याय हर जगह के न्याय के लिए ख़तरा है।